एहसास-ए-अहबाब ...(गझल)


 एहसास-ए-अहबाब 


न जाने कौन सी इबादत का असर हो तुम,

इस सूनी दास्तां का खुशनुमा सफ़र हो तुम।


हर ग़ज़ल की तहरीर में ढलता सुखन हो,

दोस्ती के पार एक पाक ज़हन हो तुम।


जिंदगी के हर तूफां में ठहराव जैसा,

हर खुशी के पीछे खुदा का जवाब हो तुम।


जो ग़म की चादर को चीर दे हंसी से,

मेरे वजूद की सबसे ख़ूबसूरत वजह हो तुम।


एहसास-ए-अल्फ़ाज़ यूँ बयां करती है 'तेज'

रिश्तों में महकता अहबाब का गुल हो तुम। 


                                                                     - तेजश्री शिंदे ✍️


                  रिश्तों में सब से खूबसूरत रिश्ता होता है दोस्ती का। यह ग़ज़ल दोस्ती के उस अनमोल एहसास को बयां करती है, जो जीवन में स्थिरता, खुशी, और सुकून का स्रोत बनता है। इसमें दोस्त को एक ऐसे शख्स के रूप में दिखाया गया है, जो ग़म और मुश्किलों के बीच भी मुस्कान और उम्मीद की किरण लेकर आता है। दोस्ती को रिश्तों से परे, एक पाक ज़हन और दिल से जुड़ा भाव बताया गया है, जो हर ख्वाब और हर खुशी का आधार है। ग़ज़ल के हर शेर में इस विशेष व्यक्ति की अहमियत और उसके जीवन में होने का जादू झलकता है। ऐसा अहबाब... दोस्त मिलना या उसका आपके जिंदगी में होना ईश्वर के आशीर्वाद से कम नहीं है। 


Comments

  1. जिंदगी मे एक प्यार से बहतर एक सच्चे दोस्त का होना जरुरी हे ❤️ एक बार प्यार धोका दे सकता हे लेकिन एक सच्चा दोस्त आपको कभी नहीं धोका देगा.❤️

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  2. यह ग़ज़ल दोस्ती के रिश्ते को गहराई और खूबसूरती से बयां करती है, जो दिल को छू जाती है।💕❤️

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  3. Beautifully written and expressed

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  4. This ghazal beautifully expresses the depth and purity of friendship, leaving a lasting impression on the heart.❤️❤️

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  5. जो ग़म की चादर को चीर दे हंसी से,
    मेरे वजूद की सबसे ख़ूबसूरत वजह हो तुम।

    वाह... निशब्द!

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  6. Very beautiful

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  7. खुप छान लिहिता मॅडम

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  8. Wahhaaa. Kya baat. Dosti par itani achhi blog. Jo samjhe woh jaane

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  9. बहुत ही बेहतरीन ग़ज़ल तेजू! बेहतरीन अल्फाज़! दिल की गहराई को छुने वाले! हर शेर में आपके ऊर्दू भाषा का अध्ययन झलकता हैं.. दोस्ती इस विषय पे बहुत सारे शेर हैं, ग़ज़ले हैं मगर यह कुछ हटके!

    आपके दिल से...

    दोस्तोंकेलिए जज़्बात ऐसे खिलते हैं
    जैसे पहले सावन की रिमझिम बूंदे
    फिर वो अल्फ़ाज़ बनके ज़ुबासे निकले
    या फिर नगमा बनके कलमसे!!

    दोस्ती इस विषय पर जितना भी लिख लो या पढ़ लो कम हैं..

    दोस्तों के बिना ज़िन्दगी कुछ
    उस पेड़ की तरह होती हैं
    जिसमें फल तो खूब आते हैं
    मगर मिठास नहीं होतीं
    जिसमें फुल तो खूब खिलते हैं
    मगर महक नहीं होती..


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    1. Thanks Mangesh! Reply सुद्धा तितकाच दर्जेदार आहे. 😃

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  10. अजब लेहजा है आपकी इस गुफ्तगू में
    गजल जैसे जबा आपकी है!.....

    सलीक़े से हवाओं में जो ख़ुशबू घोल सकते हैं
    अभी कुछ लोग बाक़ी हैं जो उर्दू बोल सकते हैं....
    जिस तरह आपने इस गजल में.......उर्दू अल्फाजो को शरिक किया है .... कमाल है........

    सारे अल्फाज़ क़ीमती गौहर
    जौहरी की दुकान है उर्दू

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    1. Thank you Praful..!
      आपके जवाब का अंदाज़ भी अलग है..! बेहतरीन शेर के लिए शुक्रिया!
      😊😊

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  11. Khupach sundar

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  12. Khupach sundar teju

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  13. Kya baat, Kya baat, Kya baat!
    हर लफ़्ज़ में बसा है जादू, हर बात में रूहानी रंग,
    तुम्हारी ग़ज़लों से महक उठता है ये जहां हर अंग।

    तुम्हारे ख्यालों की गहराई, जैसे दरिया की रवानी,
    तुम हो शायरी की दुनिया की सबसे हसीन कहानी। Loads of Love!

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  14. Old or gold friendship is the relation that never ends

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  15. शब्द संगीत हैं सरगम खुद बन जाते हैं
    मन के तार छेड़ते हैं संग में बहा ले जाते हैं,

    शब्द तो फूल हैं फिर भी न जाने क्यों चुभ जाते हैं
    समर्पण भाव से समझो तो आत्मा को महकाते हैं...

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